उपभोक्ता परिषद के वेबीनार में आया चौंकाने वाला मामला, उपभोक्ता परिषद ने उठाया पावर कॉरपोरेशन की बिलिंग व्यवस्था पर सवाल कहा यह कैसा बिलिंग सॉफ्टवेयर जिसमें एक ही मीटर नंबर पर 10 बिजली कनेक्शन हो गया जारी इसका मतलब बिलिंग सॉफ्टवेयर में कोई सिक्योरिटी सिस्टम नहीं
लखनऊ, 13 जनवरी: उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद की तरफ से चलाए जा रहे साप्ताहिक वेबीनार में आज सैकड़ों की संख्या में लोग अपनी व्यथा कहने के लिए जुड़े। इस बीच एक चौंकाने वाला मामला सामने आया। उपभोक्ता परिषद ने एक प्रेस रिलीज़ में बताया कि यूपी के जनपद कसया से जुडे एक विद्युत उपभोक्ता राकेश गौंड ने वेबीनार में अपनी बात रखते कहा कि विद्युत वितरण खंड कसया जिन्होंने 1 किलोवाट का घरेलू कनेक्शन लिया लेकिन उनके घर पर उनके नाम एक ही मीटर नंबर पर 10 बिजली का कनेक्शन जारी कर दिया गया और उनके घर 10 बिजली कनेक्शन का बिल भेजा गया और सब पर कनेक्शन नंबर अलग-अलग जिससे परेशान होकर बिजली दफ्तर पहुंचे तो उन्हें दो टका सा जवाब मिला कि अभी उनके पास टाइम नहीं है!
उपभोक्ता परेशान होकर आज उपभोक्ता परिषद के ऑनलाइन वेबीनार में जुडा जिसको उपभोक्ता परिषद ने बहुत गंभीरता से लिया और कहा जल्द ही उपभोक्ता की समस्या का समाधान कराया जाएगा, लेकिन यह कितना गंभीर मामला है जो पूरे बिलिंग सिस्टम पर सवाल खडा कर रहा है कि एक ही मीटर नंबर से 10 बिजली कनेक्शन कैसे जारी कर दिए गए इसका मतलब कोई भी सिक्योरिटी सिस्टम बिलिंग सॉफ्टवेयर में नहीं है जिसकी उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए।
इस मामले पर उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष व राज्य सलाहकार समिति के सदस्य अवधेश कुमार वर्मा ने उपभोक्ता से जब पूरा सभी बिल मंगाया तो इस मामले कि परतें दर परतें खुलती चली गयीं परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने कहा कि प्रदेश की बिजली कंपनियों का यह कैसा बिलिंग सॉफ्टवेयर है जो एक मीटर नंबर पर 10 बिजली कनेक्शन एक ही विद्युत उपभोक्ता के नाम जारी कर दिया और उल्टे किसी भी घरेलू विद्युत उपभोक्ता के नाम जब उसके घर 10 बिजली का कनेक्शन का बिल पहुंच जाएगा तो उसका क्या हाल होगा? यह कोई भी समझ सकता है चिंता का विषय यह है कि उपभोक्ता द्वारा इसकी शिकायत करने के बाद भी उसे दौड़ाया जा रहा है पावर कार्पोरेशन प्रबंधन इस पर अभिलंब कार्यवाही करें और दोषियों को कठोर से कठोर सजा दे। उपभोक्ता परिषद ने अन्य विद्युत उपभोक्ताओं की समस्याओं को संज्ञान में लेकर उनका समाधान करने के लिए प्रयास शुरू कर दिया है जिससे उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान हो जाए।







