छात्रो ने कहा यदि सोमवार तक फीस वृद्धि नहीं होती है वापस तो आंदोलन के लिए होंगे बाध्य
लखनऊ, 12 जुलाई 2018: बीबीएयू के दलित स्टूडेंट्स यूनियन (AUDSU) ने विवि प्रशाशन से मांग की है कि 2013 से लेकर अब तक की गयी फीस व्रद्धि को तत्काल प्रभाव से वापस ले, जिससे गरीब तबके के वंचित छात्रों को पढ़ाई में समस्या न आये, इस सम्बन्ध में विवि के समस्त छात्रों ने कुलपति, कुलसचिव और कुलानुशासक को एक ज्ञापन सौंपा है।
एक प्रेसनोट के माध्यम से मिली जानकारी के अनुसार बताया गया है कि जबसे विवि में कुलपति प्रो आर सी सोबती ने 2013 से प्रत्येक वर्ष फीस व्रद्धि की जा रही है। जैसा कि पिछले वर्ष प्रथम सेमेस्टर में 3900 रूपये थी। जो अब बढ़कर इस वर्ष में 4700 रूपये हो गयी है।
बताया जाता है कि 2013 से जारी इस फीस वृद्धि की वजह से आर्थिक रूप से कमजोर छात्र अध्ययन करने से वंचित रह जाते है। जिसके कारण से 2013 से अबतक प्रत्येक वर्ष हज़ारों की संख्या में छात्रो की सीटे रिक्त रह जाती है।
दलित स्टूडेंट्स यूनियन के छात्रों का कहना है कि यह विवि आर्थिक रूप से कमजोर छात्रो के लिए ही बनाया गया था। लेकिन धीरे-धीरे यह प्राईवेट विश्वद्यालय बनता जा रहा है। जिससे विवि के समस्त छात्रो में आक्रोश व्याप्त हो गया है। AUDSU संग़ठन के समस्त छात्रो ने विवि प्रशासन को चेतावनी दी है कि अगर सोमवार तक फीस व्रद्धि वापस नही होती है तो विवि के समस्त छात्रो आंदोलन के लिए बाध्य होंगे जिसकी जिम्मेदारी विवि प्रशासन की होगी।







