पाकिस्तान में उथल पुथल की राजनीति चरम पर है भारतीय कार्रवाई को देखते हुए सेना और पाक पीएम बुरी तरह बौखला गए है और वे कुछ भी अनाप शनाप बोलकर पाक अवाम को भड़का रहे है। एक चर्चा यह भी है कि पाक सेना प्रमुख कमर जावेद बाजवा पाक पीएम को हटा कर पाक अवाम पर राज करना चाहते हैं।
एक तरफ भारत कश्मीर में धारा 370 हटाने के बाद, नागरिकता कानून बनाकर अपने देश हित के कार्य कर रहा है तो देश के इन नितांत आंतरिक मामलों में कुछ न कुछ विवादित बोल बोलकर पाकिस्तानी नेता सुर्खियों में बने रहना चाहते हैं और आए दिन किसी न किसी बहाने इन मुद्दों को उठाते रहते हैं। इस मामले में पाकिस्तान की सेना भी पीछे नहीं है। पाक सेना एक तरफ तो सीमा पार से आतंकवादी भारत में प्रवेश कराने के नितांत नापाक काम में लिप्त है, दूसरी ओर अपने बेतुके बोलों से भी वह भारत के खिलाफ जहर उगलने में पीछे नहीं है।
बता दें कि ताजा बयान में पाकिस्तान के सेना प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा ने कहा है कि कश्मीर मुद्दे पर कभी कोई समझौता नहीं किया जाएगा’ ! पाक अधिकृत कश्मीर में सैनिकों को संबोधित करते हुए उन्होंने यह बात कही। अब सवाल यह है कि आखिर बाजवा किस कश्मीर की बात कर रहे हैं?
जहां तक बात जम्मू-कश्मीर की है तो यहां उनके बयान का कोई मतलब ही नहीं रह जाता है, बल्कि उन्हें यह मालूम होना चाहिए जिस आजाद कश्मीर में वह पाकिस्तानी सैनिकों के मन में कश्मीर मुद्दे पर कोई समझौता नहीं करेंगे’ जैसी बात बोलकर उन्हें भड़का रहे हैं, वह कश्मीर भी कहीं न कहीं भारत की ही हिस्सा है।
पाक को याद रखना चाहिए कि देश के गृह मंत्री ने कश्मीर में धारा 370 हटाने की घोषणा के वक्त ‘पाक अधिकृत कश्मीर’ का जिक्र करते हुए उसकी बारी आने की भी बात बोली थी। कहीं ऐसा तो नहीं कि कश्मीर में कभी भी 370 नहीं हटने की बात सोचने वाले पाकिस्तान ने जब वहां से एक झटके में धारा 370 की विदाई देखी तो उनके मन में पाक अधिकृत कश्मीर को लेकर डर बैठ गया हो। अगर ऐसा नहीं है तो पाक सेना प्रमुख का बयान आखिर किस ओर इशारा करता है?

क्या धारा 370 को लेकर यह उनकी खिसियाहट है? अगर ऐसा है तो उन्हें यह समझ लेना चाहिए कि वह इस मामले में झुंझलाहट के अलावा कुछ कर भी नहीं सकते। जहां तक समझौते की बात है, तो इस बारे में भारत जरूर कह सकता है कि वह पाक अधिकृत कश्मीर को लेकर पाकिस्तान के साथ कोई समझौता नहीं करेगा। पाकिस्तान अपने घर के मामलों की तरफ ध्यान दे तो ज्यादा अच्छा रहेगा। इस तरह की बेतुकी बयानबाजी कर पाकिस्तान सेना प्रमुख का न तो व्यक्तिगत स्तर पर भला होने वाला, न ही पाकिस्तान की सेना का।







