पावर ऑफिसर एसोसिएशन की कोर कमेटी ने बनाई पांच सदस्य लीगल टीम
लखनऊ, 22 दिसंबर : पावर ऑफिसर एसोसिएशन की आज कोर कमेटी की एक बैठक में पीपीपी मॉडल पर उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन द्वारा की गई कार्यवाही पर समीक्षा की गई और यह तय किया गया कि निजीकरण की प्रक्रिया को यदि पावर कॉरपोरेशन की तरफ से बढ़ाया जाएगा तो संगठन संवैधानिक तरीके से अपने संवैधानिक दायित्व के तहत आरक्षण को बचाने के लिए लीगल प्रक्रिया के तहत आगे की अपनी लडाई को धार देगा जिसके लिए पावर ऑफिसर एसोसिएशन ने सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट के वकीलों से संपर्क करके एक पांच सदसीय लीगल पैनल तैयार किया है जो आरक्षण पर हो रही कुठाराघात को रोकने के लिए निजीकरण प्रक्रिया को वापस करने के लिए जरूरी कदम उठाया जाएगा।
उत्तर प्रदेश पावर ऑफिसर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष के बी राम कार्यवाहक अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा महासचिव अनिल कुमार ने उत्तर प्रदेश में सभी बिजली कंपनियों में अपने सदस्यों से कहा है कि वह हर गतिविधियों पर नजर रखें और जो भी स्थितियां बिजली कंपनियों मे बन रही है खास तौर पर पूर्वांचल व दक्षिणांचल में इसकी सूचना संगठन कार्यालय को अभिलंब दी जाए पावर कॉरपोरेशन जैसे ही निजीकरण प्रक्रिया को आगे बढ़ाएगा उसके आधार पर संगठन अपने लीगल फ्रेमवर्क के तहत अपनी कार्यवाही को आगे बढते हुए आगे की संवैधानिक लड़ाई का ऐलान करेगा।







