20 जुलाई, 2020 से भारत के सभी डीलरशिप पर मोटरसाइकिल की होगी डिलीवरी शुरू
मुंबई, 16 जुलाई, 2020: जावा पैराक मोटरसाइकिल का अब और इंतज़ार नहीं करना पड़ेगा। आज क्लासिक लेजेंड्स प्रा. लि. ने देश के सभी क्षेत्रों में 20 जुलाई से इस मोटरसाइकिल की डिलीवरी शुरू करने की घोषणा की।
बता दें कि पैराक मोटरसाइकिल आपको बीते ज़माने की याद दिलाती है, लेकिन यह अपने समय से बहुत आगे है। इसे फैक्ट्री कस्टम बाइक के रूप में डिजाइन और विकसित किया गया है जिसमें ‘स्टेल्थ, विजिलेंट एंड डार्क’ की सच्ची स्पीरिट नज़र आती है। BSVI के मानकों के अनुरूप तैयार की गई यह मशीन सही मायने में एक बॉबर है, तथा ‘बॉब्ड’ फेन्डर्स, छोटे आकार के एग्ज़ॉस्ट और एक फ्लोटिंग सीट के साथ इसे शानदार स्वरूप किया गया है।
फैक्ट्री कस्टम बाइक में 334cc का लिक्विड कूल्ड, सिंगल सिलेंडर, फोर स्ट्रोक, DOHC इंजन लगाया गया है, जो 30.64 PS का पावर और 32.74 Nm का टॉर्क उत्पन्न करता है। इसमें जावा का सिग्नेचर ट्विन एग्ज़ॉस्ट लगा है, जिसके आकार को छोटा किया गया है ताकि यह बिल्कुल ऑथेंटिक बॉबर की तरह नज़र आए।
पैराक प्रोडक्ट टीम ने लॉकडाउन के समय का पूरा फायदा उठाया, क्योंकि उन्होंने इस दौरान टॉर्क को लगभग 2Nm तक बढ़ाने में कामयाबी पाई जो पहले 31 Nm था। टॉर्क में बढ़ोतरी का सीधा मतलब यह है कि स्टैंडस्टिल और रोलिंग ऐक्सेलरेशन, दोनों ही स्थिति में इसकी पुलिंग की क्षमता और बेहतर हुई है। नई क्रॉस पोर्ट टेक्नोलॉजी के साथ-साथ इंजन की सावधानीपूर्वक फाइन-ट्यूनिंग के जरिए ही यह संभव हो पाया है, जो जबरदस्त परफॉर्मेंस सुनिश्चित करने के अलावा BSVI के उत्सर्जन नियमों के पूरी तरह अनुरूप है। 6-स्पीड ट्रांसमिशन के जरिए अनुकूलतम अनुपात के साथ यह सड़क पर अपनी बेहतरीन पावर दिखाता है, और सभी गियर में राइडिंग का शानदार अनुभव प्रदान करता है।
इस बाइक के चेसिस को नए सिरे से तैयार किया गया है, तथा बिल्कुल नए स्विंगआर्म के साथ यह आड़े-तिरछे, चढ़ाव या ढलान तथा तीखे मोड़ वाली सड़कों पर सबसे बेहतर पकड़ देता है। लिनीयर फील देने के लिए इसके फ़्रेम और स्विंगआर्म की मजबूती को ट्यून किया गया है, जो सीधे रास्तों पर बेहतर पकड़ और घुमावदार सड़कों पर बेहतर संतुलन प्रदान करता है। हैंडलिंग को बेहतर बनाने में भी इसकी अहम भूमिका है।
अनुपम थरेजा, को-फाउंडर, क्लासिक लेजेंड्स ने जावा पैराक की डिलीवरी की घोषणा के अवसर पर कहा, “जब हमने पैराक के निर्माण का बीड़ा उठाया, तो हमारे सामने बस एक ही लक्ष्य था – सिनिस्टर और डार्क की भावनाओं को अप्रत्यक्ष रूप से दर्शाने वाला एक ऐसा मोटरसाइकिल बनाना, जो विशिष्टता, व्यक्तित्व एवं प्रदर्शन का बिल्कुल सही मिश्रण हो। भारत की पहली फैक्ट्री कस्टम बाइक के विचार पर आधारित पैराक एकदम ऐसा ही है और अब यह अपने चहलकदमी ( शिकार की तलाश) पर है। हमें अपने इस क्रिएशन पर गर्व है और आज हम इसे अपने ग्राहकों को ऑफर करते हैं, ताकि वे भी इसका आनंद ले सकें। इस ‘डार्क’ साइड में हम उनका स्वागत करते हैं और हमें उम्मीद है कि पैराक राइडर्स के लिए रातें कभी एक जैसी नहीं होंगी।”







