Close Menu
Shagun News India
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Saturday, June 27
    Shagun News IndiaShagun News India
    Subscribe
    • होम
    • इंडिया
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • खेल
    • मनोरंजन
    • ब्लॉग
    • साहित्य
    • पिक्चर गैलरी
    • करियर
    • बिजनेस
    • बचपन
    • वीडियो
    • NewsVoir
    Shagun News India
    Home»मीडिया

    मोदी विरोध की सुपारी, कुंठा और साजिश

    By September 14, 2018 मीडिया No Comments4 Mins Read
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    file photo
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    Post Views: 458
    …. और फंस जायेगा मीडिया का मालिक
    लखनऊ, 14 सितम्बर 2018: गोदी मीडिया के बाद अब विरोधी मीडिया सक्रिय है। इतनी बड़ी न्यूज एजेंसी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को गाली लिखने का मामला ऐसे ही नहीं हुआ है। इसमें एक बड़ी साजिश की बू आ रही है। नरेंद्र मोदी नाम के साथ जो गाली लिखी गयी है उसका मोटा अर्थ है- खूब झूठ और बे सिर पैर की बातें बोलने वाला।
     विपक्ष और मोदी विरोधी शक्तियां प्रधानमंत्री पर कुछ ऐसे ही आरोप लगाते रहे हैं। मोदी के धारदार भाषण जो जनता को अपकी तरफ खींचते हैं, प्रभावित करते हैं और विश्वास पैदा करते हैं, विरोधी इन भाषणों की धार को कुंद करना चाहते हैं। इन्हें झूठा और खोखला बताने की हवा बनाना चाहते हैं। पहले विरोधियों ने मोदी के भाषणों को ‘फेंकना’ कहना शुरू किया।  क्रिएटिव पैनल ने फेकू नाम दिया और इसपर चुटकुले परोसे गये।
    अब इस लाइन को और भी विकसित करते हुए प्रधानमंत्री को हल्का साबित करने की बड़ी तैयारी के संकेत नजर आने लगे हैं। मोदी के भारी भरकम रसूक को हल्का करने की हवा फैलाने की रणनीति बनने के आसार बन सकते हैं।
    और इस चाल को अंजाम देने के लिए मीडिया के कंधे पर साजिश की बंदूक चलाई जा सकती है।
    न्यूज़ एजेंसी में प्रधानमंत्री को गाली लिखने के बाद अभी और भी मामले सामने आ सकते हैं। छोटे से छोटे अखबारों से लेकर बड़े अखबारों और न्यूज चैनलों में भी इस तरह की घटना घट सकती है। भले ही मीडिया हाउस का मालिक इसमें शामिल ना हो पर अंदर का कोई आदमी सुपारी, मोदी विरोध या सरकार को लेकर कुंठा के बहाव में इस तरह की हरकत कर सकता है। दौलत और शोहरत की लालच देकर भी किसी मीडिया कर्मी द्वारा इस तरह की साजिश को अंजाम दिया जा सकता है।
    इससे बचने के लिए मीडिया के मालिकों और ऊपर के जिम्मेदार मीडिया कर्मियों को बेहद सावधान रहना पड़ेगा।
    इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में इनपुट-आउटपुट फीड हो, कार्डीनेशन हो या लाइव से जुड़ी सावधानियां हो। जिम्मेदार मुलाजिम कई बार लापरवाही करते हैं। इसी तरह प्रिन्ट मीडिया में एडीटर, डिप्टी एडीटर, न्यूज एडीटर,न्यूज कार्डीनेटर, चीफ सब, सीनियर सब और सब एडीटर स्तर पर लापरवाही से सोते सिपाहियों के सारे पहरों को कोई आपत्तिजनक खबर या शब्द लांघ जाता है।
    इस सबका फायदा उठाकर ट्रेनी या नयी भर्ती से लेकर जमा- जमाया मीडिया कर्मी मोदी विरोधी आपत्ति जनक शब्द को फ्लैश करवाने की साजिश को अंजाम दे सकता है।
    बड़े बड़े मीडिया संस्थानों की तमाम कमजोरियां इस तरह की साजिश की मदद साबित हो सकती हैं। कल ही की बात है टाप थ्री टीआरपी में शामिल एक राष्ट्रीय हिन्दी न्यूज चैनल के प्राइम टाइम डिबेट में विषय था कांग्रेस नेता संजय निरुपम द्वारा प्रधानमंत्री पर की गयी अशिष्ट टिप्पणी। इस डिबेट पैनल में समाज सेविका बताकर एक ऐसी लड़की बैठा दी गयी जो लगभग अर्ध नग्न थी। उसकी बातचीत से साफ जाहिर हो रहा था कि उसे किसी भी विषय में एक टके की समझ और ज्ञान नहीं । हां उस राष्ट्रीय चैनल के ओहदेदार समाज मे से किसी की सेवा करके वो समाज सेवी जरूर बन गयी होगी। इसलिए ही उसे राष्ट्रीय चैनल की डिबेट में बैठने का मौका मिल गया।
    मीडिया में लापरवाही और गैर जिम्मेदाराना रवैये का एक और छोटा सा वाकिया बताता हूं। लखनऊ में एक ऐतिहासिक यानी काफी पुराना अखबार निकलता है। उसका हिन्दी संस्करण भी शुरू हुआ। जोर शोर से भर्तियां शुरू हुईं। जिलां संवाददाता भी जोड़े गये। अखबार भले ही चार-पांच सौ छपता हो लेकिन कागजों में इसका प्रसार एबीसी यानी एक लाख से ज्यादा अप्रूव हो गया।
    जिला संवाददाता वादे के मुताबिक विज्ञापन नहीं दे सके इसलिए इन्हें कई महीने से वेतन नहीं मिला। जिले वालों से सिक्युरिटी मनी ली गयी थी जिसे वापस भी नहीं किया जा रहा था। इस कुंठा में एक जिला संवाददाता ने खबर के रनिंग मैटर में यूपी के एक प्रभावशाली क्षेत्रीय दल की मुखिया को खूब गंदी गंदी गालियां लिख दीं।
    ये वो नेत्री हैं जिन्हें अपशब्द लिखने पर शहर जल सकता है अखबार का दफ्तर था कहां ये ढूंढना भी मुश्किल हो जाये।
    इस अखबार के मालिक की किस्मत अच्छी थी कि जिला संवाददाता की कुंठा से पैदा हुई उसकी ये साजिश कामयाब नहीं हुई। अखबार छप गया था लेकिन सेंटर पर नही गया था। छपने के बाद किसी स्टाफ की नजर पड़ गयी और अखबार डंप करके उसे जला दिया गया था।
    – नवेद शिकोह, 9918223245

    Keep Reading

    Journalism is the lifeblood of democracy: Keshav Prasad Maurya

    पत्रकारिता लोकतंत्र की प्राणवायु है : केशव प्रसाद मौर्य

    Journalism is no longer merely about news; it is a responsibility to guide society in the right direction: Bharat Singh

    पत्रकारिता अब सिर्फ खबर नहीं, समाज को सही दिशा देने का दायित्व है: भारत सिंह

    Srijan Samman on Hindi Journalism Day: Emphasizing the Need for Emotional Intelligence in the AI ​​Era

    हिंदी पत्रकारिता दिवस पर सृजन सम्मान, एआई युग में इमोशनल इंटेलिजेंस की जरूरत पर जोर

    Becoming the Voice of Journalists on Labour Day, Memorandum Submitted to Deputy Chief Minister

    श्रम दिवस पर पत्रकारों की आवाज़ बनी, उपमुख्यमंत्री को सौंपा ज्ञापन

    DigiFest 2026: The biggest celebration of digital marketing in Gurugram on April 10th!

    डिजीफेस्ट 2026: 10 अप्रैल को गुरुग्राम में डिजिटल मार्केटिंग का सबसे बड़ा जश्न!

    जनहित योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए स्वतंत्र पत्रकार तैयार, लेकिन पैसे कहाँ? विभाग से पत्रकारों का बड़ा सवाल!

    Leave A Reply Cancel Reply

    Advertisment
    Google AD
    We Are Here –
    • Facebook
    • Twitter
    • YouTube
    • LinkedIn

    EMAIL SUBSCRIPTIONS

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    About



    ShagunNewsIndia.com is your all in one News website offering the latest happenings in UP.

    Editors: Upendra Rai & Neetu Singh

    Contact us: editshagun@gmail.com

    Facebook X (Twitter) LinkedIn WhatsApp
    Popular Posts
    The end of a golden chapter of simplicity, impartiality, and socialism

    सादगी, निष्पक्षता और समाजवाद के एक स्वर्णिम अध्याय का अंत

    June 26, 2026
    Korean companies eye YEIDA: Plans underway to develop a "Korean City"

    कोरियन कंपनियों की नजर YEIDA पर: “कोरियन सिटी” बनने की तैयारी

    June 26, 2026
    Young Man Survives Despite a Ruptured Aorta and Multiple Fractures; Doctors Perform a Medical Miracle

    मौत को मात दी: फटी एओर्टा और दर्जनों फ्रैक्चर के बावजूद जिंदा बचा मर्चेंट नेवी अधिकारी

    June 26, 2026
    Pledge to protect the Constitution: CM Yogi recalls the fight for democracy on 'Constitution Murder Day'

    संविधान की रक्षा का संकल्प: सीएम योगी ने ‘संविधान हत्या दिवस’ पर याद की लोकतंत्र की लड़ाई

    June 26, 2026
    Kejriwal’s scathing attack upon reaching Ayodhya: What secret does Champat Rai know that even the PM is helpless?

    अयोध्या पहुंचे केजरीवाल का तीखा हमला: चंपत राय को क्या राज पता कि पीएम भी मजबूर?

    June 26, 2026

    Subscribe Newsletter

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    Privacy Policy | About Us | Contact Us | Terms & Conditions | Disclaimer

    © 2026 ShagunNewsIndia.com | Designed & Developed by Krishna Maurya

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Newsletter
    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading