Close Menu
Shagun News India
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Tuesday, October 13
    Shagun News IndiaShagun News India
    Subscribe
    • होम
    • इंडिया
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • खेल
    • मनोरंजन
    • ब्लॉग
    • साहित्य
    • पिक्चर गैलरी
    • करियर
    • बिजनेस
    • बचपन
    • वीडियो
    • NewsVoir
    Shagun News India
    Home»खबर कोर्ट से

    मेडिकल घोटाले को लेकर चीफ जस्टिस पर आरोप लगाए प्रशांत भूषण ने

    ShagunBy ShagunJanuary 17, 2018 खबर कोर्ट से No Comments3 Mins Read
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    Post Views: 569

    प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि इस घोटाले में प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा की भूमिका की जांच होनी चाहिए

    नई दिल्ली, 17 जनवरी। वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने एक बार फिर प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा पर मेडिकल घोटाले को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रशांत भूषण ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि इस घोटाले में प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा की भूमिका की जांच होनी चाहिए।

    जजों के कोलेजियम को सीजेआई के खिलाफ मिली शिकायतों पर गौर करना चाहिए. भूषण ने कहा, प्रधान न्यायाधीश ने हाइकोर्ट के जज पर मामला दर्ज करने की इजाज़त नहीं दी. जबकि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार किसी हाईकोर्ट जज के खिलाफ एफआईआर के लिए प्रधान न्यायाधीश की इजाज़त चाहिए।

    इसके आगे उन्होंने कहा कि विश्वस्त सूत्रों से पता चला है कि सीबीआई के अफसर 16 दिसंबर 2017 को प्रधान न्यायाधीश से मिले थे. अफसरों के पास कुछ पुख्ता सबूत थे. जिनके चलते जस्टिस शुक्ला के खिलाफ एक कम से कम करोड़ रिश्वत का मामला बनता है।

    ऐसा पहली बार नहीं है, जब प्रशांत भूषण ने प्रधान न्यायाधीश के खिलाफ निशाना साधा हो। इससे पहले भी प्रशांत भूषण और सुप्रीम कोर्ट के प्रधान न्यायाधीश के बीच कोर्ट में तब तीखी बहस हो गई थी, जब दीपक मिश्रा के नेतृत्व वाली पांच जजों की एक बेंच ने दो जजों (जिसमें सीजेआई पर प्रेस कॉन्फ्रेंस करने वाले जस्टिस चेलमेश्वर शामिल थे) वाली सुप्रीम कोर्ट की एक बेंच के फैसले को बदल दिया था। यह मामला सुप्रीम कोर्ट के जजों के नाम पर रिश्वतखोरी से जुड़ा हुआ था।

    दरअसल यह मामला उड़ीसा हाई कोर्ट के रिटायर जज आई एम कुद्देशी से जुड़ा हुआ है. कुद्देशी के ऊपर आरोप है उन्होंने अपने मेडिकल कॉलेज में एडमिशन के लिए घूस ली थी. सीबीआई इस मामले की जांच कर रही है. इस मामले में यह भी आरोप है कि कई सुप्रीम कोर्ट के जजों के नाम पर भी घूस ली गई है। प्रशांत भूषण इस मामले में एनजीओ ‘कैंपेन फॉर जूडिशियल एकाउंटैबिलिटी’ और याचिकाकर्ता कामिनी जायसवाल का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।

    प्रशांत भूषण और एनजीओ ने मांग की थी कि इस मामले की जांच सीबीआई की जगह कोई अन्य एसआईटी बनाकर कराई जाए. भूषण ने कहा था कि सीबीआई पर उन्हें भरोसा नहीं है. इसी याचिका की सुनवाई करते हुए जस्टिस चेलमेश्वर की बेंच ने कहा था कि इस मामले की सुनवाई संविधान पीठ या पांच जजों की बेंच करे. यह मामला दो जजों के सामने सुनवाई के लिए आने वाला था।

    इसके बाद सीजेआई दीपक मिश्रा की अगुआई वाली 5 जजों की गठित बेंच ने जस्टिस चेलमेश्वर की बेंच को रद्द कर दिया था. इस बेंच ने कहा- ‘सीजेआई सुप्रीम कोर्ट के मुखिया हैं. उनके आवंटन के बिना कोई बेंच केस नहीं सुन सकती।’

    प्रशांत भूषण पांच जजों के बेंच के फैसले से संतुष्ट नहीं थे. मामले पर सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस सहित अन्य जजों और याचिकाकर्ताओं का प्रतिनिधित्व कर रहे अधिवक्ता प्रशांत भूषण के बीच गर्मा-गर्म बहस हुई.
    भूषण ने अपनी आवाज तेज करते हुए चीफ जस्टिस से मामले की सुनवाई से खुद को अलग करने को कहा, क्योंकि सीबीआई की एफआईआर में कथित तौर पर उनका भी नाम है।

    सीजेआई ने बदले में भूषण से प्राथमिकी की सामग्री को पढ़ने को कहा और उन्हें अपना आपा खोने के खिलाफ चेतावनी दी. भूषण के साथ याचिकाकर्ताओं में से एक अधिवक्ता कामिनी जायसवाल भी थीं.

    Shagun

    Keep Reading

    नालसा का एलएडीसी सिस्टम खत्म करने का फैसला: क्या गरीब कैदियों से छिन जाएगा न्याय का सहारा?

    सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: केवल प्रदर्शन से पुलिस को लाठीचार्ज का अधिकार नहीं

    Rajpal Yadav's cry for help: Will someone lend a helping hand save his film career?

    अभिनेता राजपाल यादव को दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनाई 3 महीने की सजा

    Turn this into a brief news report, but ensure it is impactful. Women trapped in the tangled web of destiny, policy, and politics. Shakti Vandan Act

    नियति, नीति और सियासत की मकड़जाल में फंसा नारी शक्ति वंदन अधिनियम

    सुप्रीम कोर्ट ने NCERT की क्लास 8 की किताब पर लगाया पूर्ण प्रतिबंध!

    युवाओं के लिए सावधानी का सबक है ‘विश्वास से पहले सतर्कता’

    Leave A Reply Cancel Reply

    Advertisment
    Google AD
    We Are Here –
    • Facebook
    • Twitter
    • YouTube
    • LinkedIn

    EMAIL SUBSCRIPTIONS

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    About



    ShagunNewsIndia.com is your all in one News website offering the latest happenings in UP.

    Editors: Upendra Rai & Neetu Singh

    Contact us: editshagun@gmail.com

    Facebook X (Twitter) LinkedIn WhatsApp
    Popular Posts
    Nyrraa M. Banerjee gets emotional recalling memories of her first film with Nana Patekar.

    नाना पाटेकर के साथ पहली फिल्म की यादें, नायर्रा एम. बनर्जी हुईं भावुक

    October 11, 2026
    Civil Defence stands with flood victims in Faizullaganj; distributes relief supplies.

    फैजुल्लागंज में बाढ़ पीड़ितों के साथ खड़ा सिविल डिफेंस, बांटी राहत सामग्री

    October 11, 2026
    Residents of the dilapidated Badalikheda took to the streets.

    बदहाल बदालीखेड़ा के नागरिक सड़कों पर उतरे

    October 11, 2026
    Don't just educate your daughters—let their dreams take flight.

    बेटियों की पढ़ाई नहीं, उनके सपनों को दें उड़ान

    October 11, 2026
    ‘Dream big, work hard to make them come true’: Dr. Ankita Raj

    ‘सपने बड़े देखें, मेहनत से पूरा करें’ : डॉ. अंकिता राज

    October 11, 2026

    Subscribe Newsletter

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    Privacy Policy | About Us | Contact Us | Terms & Conditions | Disclaimer

    © 2026 ShagunNewsIndia.com | Designed & Developed by Krishna Maurya

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Newsletter
    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading