- आरक्षण समर्थको का बड़ा आरोप सपा सरकार में दलित कार्मिकों का रिर्वट कर किया अपमानित अब नौकरियो से वंचित करने के लिए निजीकरण का फैसला
- अप्रैल में निजीकरण के खिलाफ प्रदेश व्यापी आन्दोलन के लिए लखनऊ में महासम्मेलन बुलाने व सभी विभागो में निजीकरण के नुकसानो से अवगत कराने के लिए 28 मार्च से जन-जागरूकता अभियान चलाने का फैसला
लखनऊ, 18 मार्च। सरकार द्वारा बिजली विभाग में 5 जिलो का निजीकरण किये जाने के फैसले के खिलाफ आज पूरे प्रदेश में आरक्षण बचाओ संघर्ष समिति, उप्र के बैनर तले आरक्षण समर्थको ने निजीकरण का हर स्तर पर विरोध करने के लिए जनपदवार बैठके कर सरकार से फैसले पर पुर्नविचार करने की मांग उठाई उसी क्रम में आरक्षण बचाओ संघर्ष समिति, उप्र के संयोजक मण्डल द्वारा लखनऊ में बैठक कर आर-पार की लड़ाई का एलान किया।
आरक्षण समर्थक कार्मिकों ने कहा पिछली सपा सरकार ने पहले दलित कार्मिको को रिवर्सन कर उन्हें अपमानित किया अब वर्तमान भाजपा सरकार द्वारा निजीकरण का फैसला लेकर यह सिद्ध कर दिया है कि आने वाले समय में दलित व पिछडों को नौकरियों से वंचित कर उन्हें अपमानित किया जायेगा। जब तक निजी क्षेत्र में भी पिछडे व दलित कार्मिको के लिए आरक्षण की व्यवस्था लागू नहीं होती आरक्षण समर्थको को भविष्य में जाब नहीं मिलने वाला है। ऐसे में पूरे प्रदेश में 8 लाख आरक्षण समर्थक कार्मिक निजीकरण का हर स्तर पर विरोध करेगें।
आरक्षण बचाओ संघर्ष समिति, उप्र के संयोजको अवधेेेश कुमार वर्मा, केवी राम, डा. रामशब्द जैशवारा, आरपीकेन, अनिल कुमार, अजय कुमार, रीना रजक, महेन्द्र सिंह, पीएम प्रभाकर, एसपीसिंह, बनी सिंह, अशोक सोनकर, दिग्विजय सिंह, अन्जली गौतम, जितेन्द्र कुमार, राजेश पासवान, प्रभु शंकर ने कहा कि जब तक निजीकरण का फैसला वापस नही होता आरक्षण समर्थक चुप बैठने वाले नहीं है उप्र सराकर द्वारा निजीकरण का फैसला करके दलित व पिछड़ो को भविष्य में नौकरियों से वंचित करने की साजिश की जा रही है। संघर्ष समिति संयोजको द्वारा सर्वसम्मत से आज यह निर्णय लिया गया है अप्रैल माह में लखनऊ में एक आरक्षण समर्थक कार्मिको का एक महा सम्मेलन बुलाया जायेगा जिसमें आर-पार की लड़ाई का एलान किया जायेगा।
संघर्ष समिति के नेताओ ने आज यह भी एलान किया है कि 28 मार्च 2018 सभी विभागों में जन-जागरूकता अभियान चलाया जायेगा जिसके माध्यम से निजीकरण के नुकसानो से आरक्षण समर्थको को अवगत कराया जायेगा।







