Close Menu
Shagun News India
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Thursday, June 4
    Shagun News IndiaShagun News India
    Subscribe
    • होम
    • इंडिया
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • खेल
    • मनोरंजन
    • ब्लॉग
    • साहित्य
    • पिक्चर गैलरी
    • करियर
    • बिजनेस
    • बचपन
    • वीडियो
    • NewsVoir
    Shagun News India
    Home»राजस्थान

    ऐतिहासिक फूल सागर तालाब की चादर चली: अजमेर के बीर गांव में 50 साल बाद खुशी की लहर

    ShagunBy ShagunSeptember 20, 2025 राजस्थान No Comments7 Mins Read
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    The historic Phool Sagar pond is drained: A wave of joy in Ajmer's Bir village after 50 years.
    ऐतिहासिक फूल सागर तालाब भरने से अजमेर के बीर गांव में 50 साल बाद खुशी की लहर
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    Post Views: 549

    पर्यटन और रोजगार की नई संभावनाएं: ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिला बल, उप सरपंच, जन प्रतिनिधियों ने तालाब की पाल पर चूंदड़ी ओढ़ा कर बांटी मिठाई

    दिलीप राय, नसीराबाद से

    नसीराबाद, अजमेर, राजस्थान : अजमेर जिले के बीर गांव में स्थित फूल सागर तालाब, जो ब्रिटिश काल का एक ऐतिहासिक और विशाल जलाशय है, ने 50 साल बाद अपनी चादर चलाकर क्षेत्रवासियों के चेहरों पर खुशी की लहर दौड़ा दी है। यह तालाब, जो 600 बीघा क्षेत्र में फैला हुआ है, न केवल अजमेर और नसीराबाद के बीच एक महत्वपूर्ण पर्यटन स्थल रहा है, बल्कि यह स्थानीय कुओं के जल स्तर को रिचार्ज करने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। मंगलवार को तालाब का जल स्तर 30 फीट तक पहुंच गया, और तेज हवाओं के कारण पानी चादर के रूप में बाहर छलक गया, जिसे देखकर वर्षों से इस पल का इंतजार कर रहे ग्रामीण आनंदित हो उठे। इस खुशी के मौके पर बीर ग्राम पंचायत की प्रशासक सायरा बानो, उप सरपंच राम लाल गुर्जर, सामाजिक कार्यकर्ता हाजी मुराद अली सहित क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने तालाब की पाल पर पहुंचकर चुनरी ओढ़ाई और मिठाई बांटकर उत्सव मनाया। यह खबर न केवल स्थानीय समुदाय के लिए, बल्कि अजमेर और नसीराबाद के पर्यटन विकास के लिए भी एक सकारात्मक संदेश लेकर आई है।

    The historic Phool Sagar pond is drained
    ऐतिहासिक फूल सागर तालाब भरने से अजमेर के बीर गांव में 50 साल बाद खुशी की लहर

    फूल सागर तालाब का ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व

    फूल सागर तालाब का इतिहास ब्रिटिश काल से जुड़ा हुआ है। 1856 के बाद ब्रिटिश सरकार द्वारा निर्मित इस तालाब की 300 फीट लंबी पाल, चूने और पत्थर के साथ पिपला शीशा मिलाकर बनाई गई थी, जो आज भी इसकी मजबूती और गुणवत्ता की मिसाल है। यह तालाब न केवल अपनी विशालता के लिए जाना जाता है, बल्कि इसके सौंदर्य और ऐतिहासिक महत्व ने इसे अजमेर जिले का एक प्रमुख पर्यटन स्थल बनाया था। अंग्रेजों के जमाने में यह तालाब सैन्य नगरी नसीराबाद में पेयजल आपूर्ति का प्रमुख स्रोत था। तालाब के पास एमईएस (मिलिट्री इंजीनियरिंग सर्विसेज) का वाटर पंप हाउस हुआ करता था, जहां से टैंकरों के माध्यम से पानी की आपूर्ति की जाती थी। इसके अलावा, तालाब की 8.27 किलोमीटर लंबी नहर 236 हेक्टेयर भूमि की सिंचाई के लिए उपयोगी थी। तालाब का कैचमेंट एरिया 19.8 वर्ग किलोमीटर और पूर्ण भराव ऊंचाई 9.14 मीटर है, जिसकी वजह से यह क्षेत्र की जल आवश्यकताओं को पूरा करने में सक्षम रहा है।

    हालांकि, पिछले कुछ दशकों में पानी की कमी और रखरखाव के अभाव में इस तालाब की ओर लोगों का ध्यान कम हो गया था। 1980 में तालाब का जल स्तर 25 फीट और 1986 में मात्र 17 फीट तक ही पहुंच पाया था। तालाब के कैचमेंट एरिया में 17 एनीकट हैं, लेकिन सड़क निर्माण और अन्य बाधाओं के कारण 59 एमसीएफटी पानी तालाब तक नहीं पहुंच पाता, जबकि इसकी कुल भराव क्षमता 116.94 एमसीएफटी है। इस बार मानसून की मेहरबानी और तालाब के लबालब होने से न केवल ग्रामीणों की उम्मीदें बढ़ी हैं, बल्कि इस ऐतिहासिक स्थल को फिर से जीवंत करने की संभावनाएं भी प्रबल हो गई हैं।

    The historic Phool Sagar pond is drained
    ऐतिहासिक फूल सागर तालाब भरने से अजमेर के बीर गांव में 50 साल बाद खुशी की लहर

    पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा

    फूल सागर तालाब अजमेर और नसीराबाद के बीच बीर तिराहे के पास, श्रीनगर पंचायत समिति के अंतर्गत स्थित है। अरावली पहाड़ियों के निकट होने के कारण यह तालाब प्राकृतिक सौंदर्य से भरपूर है। अतीत में यह स्थल पिकनिक, गोठ पार्टियों, और नौकायन के लिए लोकप्रिय था। लोग अजमेर, नसीराबाद और आसपास के क्षेत्रों से इस रमणीय स्थल पर आकर प्रकृति का आनंद लेते थे। तालाब के पास दो डाक बंगले भी हैं, जो ब्रिटिश काल की याद दिलाते हैं। इनमें से एक बंगला जर्जर हो चुका है, जबकि दूसरा अभी भी मरम्मत के बाद उपयोग में लाया जा सकता है। इन बंगलो को किराए पर देकर या डेस्टिनेशन वेडिंग जैसे आयोजनों के लिए विकसित करके सरकार आर्थिक संसाधन जुटा सकती है।

    तालाब की चादर चलने से आसपास के गांवों जैसे श्रीनगर, बड़लियां, भू डोल, हाथी पट्टा, फारकिया, बुबानी, लवेरा, और मोडी के कुओं का जल स्तर बढ़ा है। यह तालाब क्षेत्र की जल संरक्षण और सिंचाई जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसके अलावा, सरकार ने तालाब के सौंदर्यीकरण के लिए करोड़ों रुपये की स्वीकृति दी है, हालांकि ग्रामीणों और स्थानीय कार्यकर्ताओं का मानना है कि अभी और प्रयासों की जरूरत है। तालाब की नहरें मिट्टी से अटी पड़ी हैं, जिन्हें साफ करने और पानी की आवक के रास्तों को खोलने की आवश्यकता है। तालाब की पाल की मरम्मत और डाक बंगलो के रखरखाव से इस स्थल को फिर से पर्यटकों के लिए आकर्षक बनाया जा सकता है।

    रोजगार सृजन और सामुदायिक विकास

    फूल सागर तालाब के पुनर्जनन से न केवल पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे। नौकायन, मछली पालन, और पर्यटन से संबंधित गतिविधियां स्थानीय युवाओं और ग्रामीणों के लिए आय का स्रोत बन सकती हैं। तालाब के आसपास जंगल विभाग की जमीन होने के कारण छोटे-बड़े वन्य जीवों का आना-जाना बना रहता है, जिसे ध्यान में रखते हुए वन्यजीव पर्यटन को भी बढ़ावा दिया जा सकता है। इसके लिए सड़क मार्गों का विस्तार और आवागमन के साधनों में सुधार जरूरी है। डेस्टिनेशन वेडिंग और कॉरपोरेट आयोजनों के लिए यह स्थल एक आदर्श स्थान बन सकता है।

    The historic Phool Sagar pond is drained: A wave of joy in Ajmer's Bir village after 50 years.
    ऐतिहासिक फूल सागर तालाब भरने से अजमेर के बीर गांव में 50 साल बाद खुशी की लहर

    अरावली पहाड़ियों की गोद में बसा यह तालाब प्राकृतिक सौंदर्य और ऐतिहासिक महत्व का अनूठा संगम है। सरकार द्वारा इस क्षेत्र को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए। डाक बंगलो की मरम्मत, नौकायन की सुविधा, और स्थानीय हस्तशिल्प व खानपान के स्टॉल स्थापित करके इस क्षेत्र को एक जीवंत पर्यटन केंद्र बनाया जा सकता है। इससे न केवल स्थानीय लोगों को रोजगार मिलेगा, बल्कि सरकारी राजस्व में भी वृद्धि होगी।

    सामुदायिक उत्साह और भविष्य की उम्मीदें

    इस बार मानसून ने अपना रौद्र रूप दिखाया और कई क्षेत्रों में बाढ़ के कारण जन-धन की हानि हुई, लेकिन फूल सागर तालाब की चादर चलने की खबर ने बीर गांव और आसपास के क्षेत्रों में खुशी की लहर दौड़ा दी। ग्रामीणों का कहना है कि यह तालाब उनकी सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत का हिस्सा है। तालाब के लबालब होने से न केवल उनकी खेती और पेयजल की जरूरतें पूरी होंगी, बल्कि यह स्थल फिर से पर्यटकों को आकर्षित करेगा। स्थानीय प्रशासक और जनप्रतिनिधियों ने इस अवसर को एक नए युग की शुरुआत बताया है।

    सरकार से उम्मीद की जा रही है कि वह इस तालाब के सौंदर्यीकरण, रखरखाव, और पर्यटन विकास के लिए दीर्घकालिक योजना बनाए। पानी की आवक के रास्तों को खोलना, नहरों की सफाई, और डाक बंगलो की मरम्मत जैसे कदम तत्काल उठाए जाने चाहिए। इसके साथ ही, स्थानीय समुदाय को विकास प्रक्रिया में शामिल करके उनकी भागीदारी सुनिश्चित की जानी चाहिए। यह तालाब न केवल जल संरक्षण का एक महत्वपूर्ण स्रोत है, बल्कि यह अजमेर जिले की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहर को भी दर्शाता है।

    फूल सागर तालाब की चादर चलने की खबर ने बीर गांव और आसपास के क्षेत्रों में एक नई उम्मीद जगा दी है। यह तालाब, जो कभी अजमेर और नसीराबाद के लोगों के लिए पिकनिक और मनोरंजन का केंद्र था, अब फिर से अपनी खोई हुई रौनक वापस पाने की ओर अग्रसर है। सरकार, स्थानीय प्रशासन, और समुदाय के सहयोग से इस तालाब को एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा सकता है। इससे न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था को बल मिलेगा, बल्कि अजमेर जिले की सांस्कृतिक और प्राकृतिक विरासत को भी संरक्षित किया जा सकेगा। यह खबर इस बात का प्रतीक है कि प्रकृति और मानवीय प्रयासों के संयोग से पुरानी धरोहरों को फिर से जीवंत किया जा सकता है, और यह स्थानीय समुदाय के लिए एक नई शुरुआत का संदेश लेकर आई है।

    Shagun

    Keep Reading

    Mahakavi Bhushan's ancestral village to become a hub of the shared culture of UP and Maharashtra: DM

    उप्र व महाराष्ट्र की साझा संस्कृति का केंद्र बनेगा महाकवि भूषण का पैतृक गांव : डीएम

    Lesser-Known Pilgrimage Sites Now on the Tourism Map! UP Government's New Mission

    अल्पज्ञात तीर्थ अब पर्यटन मानचित्र पर! UP सरकार का नया मिशन

    The True Essence of Devotion: A Scripturally Prescribed 'Bada Mangal' Bhandara at Shri Shakti Dham Ashram

    भक्ति का सच्चा स्वरूप: श्री शक्ति धाम आश्रम में शास्त्रोक्त ‘बड़ा मंगल’ भंडारा

    A New Chapter in Mumbai Women's Cricket as Thane Skyrisers Begin Their Journey in Style Thane Skyrisers Make a Strong Start in the W20 League

    ठाणे स्काईराइजर्स का धमाकेदार एंट्री! महिला क्रिकेट में नया तूफान

    Anil Bhushan Chaturvedi Assumes Charge as Acting Director of Basic Education

    अनिल भूषण चतुर्वेदी ने संभाली प्रभारी शिक्षा निदेशक बेसिक की जिम्मेदारी

    CM Yogi's Strict Action: Knife Attacks Under the Guise of Friendship Will Not Be Tolerated!

    सीएम योगी का सख्त एक्शन: दोस्ती की आड़ में चाकूबाजी बर्दाश्त नहीं!

    Add A Comment
    Leave A Reply Cancel Reply

    Advertisment
    Google AD
    We Are Here –
    • Facebook
    • Twitter
    • YouTube
    • LinkedIn

    EMAIL SUBSCRIPTIONS

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    About



    ShagunNewsIndia.com is your all in one News website offering the latest happenings in UP.

    Editors: Upendra Rai & Neetu Singh

    Contact us: editshagun@gmail.com

    Facebook X (Twitter) LinkedIn WhatsApp
    Popular Posts
    Trump’s ‘Fool’ Remark Goes Viral! Even Americans Who Oppose War Dubbed ‘Fools’

    ट्रंप भारी उलझन में: MAGA का भविष्य कौन संभालेगा, वेंस पर शक या रूबियो को मौका?

    June 3, 2026
    Sunil Gavaskar brought time to a standstill, as the heartbeats of 850 children became the rhythm of celebration.

    सुनील गावस्कर ने रोका समय, 850 बच्चों के दिलों की धड़कन बनी जश्न की लय‘

    June 3, 2026

    योगी का जन्मदिन “महिलाओं का सुरक्षा दिवस”

    June 3, 2026
    Mahakavi Bhushan's ancestral village to become a hub of the shared culture of UP and Maharashtra: DM

    उप्र व महाराष्ट्र की साझा संस्कृति का केंद्र बनेगा महाकवि भूषण का पैतृक गांव : डीएम

    June 3, 2026

    मध्य एशिया का नया वित्तीय केंद्र तमची एसएफआईटी ने अपना पहला व्यापार केंद्र खोला

    June 3, 2026

    Subscribe Newsletter

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    Privacy Policy | About Us | Contact Us | Terms & Conditions | Disclaimer

    © 2026 ShagunNewsIndia.com | Designed & Developed by Krishna Maurya

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Newsletter
    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading