Close Menu
Shagun News India
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Tuesday, August 4
    Shagun News IndiaShagun News India
    Subscribe
    • होम
    • इंडिया
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • खेल
    • मनोरंजन
    • ब्लॉग
    • साहित्य
    • पिक्चर गैलरी
    • करियर
    • बिजनेस
    • बचपन
    • वीडियो
    • NewsVoir
    Shagun News India
    Home»राजनीति

    नफ़रती ‘कृपा’ पर जननायक की शुचिता भारी

    ShagunBy ShagunJuly 13, 2026Updated:July 14, 2026 राजनीति No Comments5 Mins Read
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    Post Views: 56

    जौनपुर में सियासी उबाल, कृपा शंकर सिंह ने सांसद बाबू सिंह कुशवाहा को कहे अपशब्द, बाहुबली धनंजय सिंह ने दी कड़ी सीख

    विशेष संवाददाता

    उत्तर प्रदेश की सियासत हमेशा से ही अपने भीतर कई करवटें, हैरान करने वाले घटनाक्रम और अप्रत्याशित गठबंधन समेटे रहती है। हाल ही में जौनपुर की पावन धरती पर जो कुछ घटा, उसने न सिर्फ पूर्वांचल बल्कि पूरे प्रदेश की राजनीतिक सरगर्मी को सातवें आसमान पर पहुंचा दिया है। टीडी कॉलेज के पुरातन छात्र सम्मेलन के मंच से उपजा यह विवाद केवल दो नेताओं की जुबानी जंग नहीं है, बल्कि यह राजनीति में मर्यादा, शुचिता और सकारात्मकता बनाम नकारात्मकता का एक जीवंत दस्तावेज बन गया है।

    इस पूरे घटनाक्रम की पटकथा साल 2019 के आम चुनावों से ही लिखी जाने लगी थी, जब महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री और एक दौर में कांग्रेस के बड़े धनकुबेर चेहरा रहे कृपा शंकर सिंह ने सत्ता की बयार को भांपते हुए भाजपा का दामन थामा था। साल 2024 के लोकसभा चुनाव में जब उन्हें जौनपुर से टिकट मिला, तो उन्हें पक्का यकीन हो गया कि अब तो वो जीत ही गए। लेकिन फिर भी अपनी जीत को और पुख्ता करने के लिए साम, दाम, दंड, भेद की नीति भी अपना हर मुमकिन कोशिशें की गईं। क्षेत्र में यह चर्चा आम थी कि कूटनीति के तहत जौनपुर के लोकप्रिय और बाहुबली पूर्व सांसद धनंजय सिंह को चुनावी रेस से बाहर करने की पूरी पटकथा लिखी गई, ताकि राह निष्कंटक हो सके। पैसे को पानी की तरह भी बहाया गया, यहाँ तक कि मतदान के बाद ईवीएम से भरे ट्रक के स्ट्रांग रूम परिसर में घुसने जैसी घटनाओं ने लोकतंत्र के सजग प्रहरियों को झकझोर कर रख दिया। तब बाबू सिंह कुशवाहा के समर्थकों और तत्कालीन प्रशासन के बीच का गतिरोध इस बात का गवाह बना कि सत्ता पक्ष किसी भी कीमत पर यह सीट जीतना चाहता था।The sacred soil of Pakharouli—bearing witness to a history that speaks for itself...

    लेकिन भारतीय लोकतंत्र की यही खूबसूरती है कि जब-जब धनबल और बाहुबल का अहंकार अति पर होता है, जनता अपनी खामोश ताकत से उसका जवाब देती है। जौनपुर की जनता ने तमाम प्रलोभनों और दबावों को दरकिनार करते हुए पिछड़ों, वंचितों और शोषितों के हक की आवाज बुलंद करने वाले बाबू सिंह कुशवाहा को अपना नायक चुना। चुनाव हारने के बाद पराजित खेमे में एक उम्मीद थी कि बाबू सिंह कुशवाहा बाहरी हैं, बांदा से ताल्लुक रखते हैं और अपनी नई पार्टी के समीकरणों में उलझे रहेंगे, जिससे वे जौनपुर को समय नहीं दे पाएंगे। यह माना गया कि समय बीतने के साथ जनता का मोहभंग होगा और अगली बार का रास्ता साफ हो जाएगा।

    नफ़रती ‘कृपा’ पर जननायक की शुचिता भारी

    परंतु, बाबू सिंह कुशवाहा एक सधे हुए कर्मयोगी निकले। उन्होंने इस धारणा को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। एक सच्चे जननायक की तरह उन्होंने जौनपुर को ही अपना घर बना लिया। वे समय-समय पर क्षेत्र के आम नागरिकों के बीच उपस्थित रहकर उनकी मूलभूत समस्याओं का समाधान करने लगे। विकास के वे कार्य जो दशकों से अधर में लटके थे, धरातल पर दिखने लगे। दुख-सुख में हर नागरिक के साथ खड़े रहने वाले कुशवाहा ने जौनपुर के दिलों में वह जगह बना ली, जो दशकों के स्थापित नेताओं को नसीब नहीं होती। इसके साथ ही, समाजवादी पार्टी की मजबूती के लिए पूरे उत्तर प्रदेश में ‘पीडीए’ (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) की एक अभेद्य लहर तैयार करने में भी वे जुट गए हैं।

    यही वह कर्मठता है जिसने विपक्षियों के सारे गणित बिगाड़ दिए और इसी हताशा का प्रकटीकरण टीडी कॉलेज के मंच पर हुआ। जब कृपा शंकर सिंह ने भोजपुरी में हार के दर्द को मजाकिया लहजे में बयां करते हुए वर्तमान सांसद बाबू सिंह कुशवाहा को अपशब्द कहा, तो उन्होंने अंजाने में लोकतंत्र की उस मर्यादा को लांघ दिया जिसे जौनपुर का समाज कभी स्वीकार नहीं कर सकता। लेकिन इस पूरी कहानी में असली मोड़ तब आया जब पूर्व सांसद धनंजय सिंह मंच पर आए। उन्होंने दलीय सीमाओं से ऊपर उठकर, अपनी राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता को किनारे रखकर कृपा शंकर सिंह के इस नकारात्मक और अमर्यादित बयान का कड़ा खंडन किया। धनंजय सिंह ने साफ शब्दों में कहा कि जो जीत गया वह जनता का प्रतिनिधि है, उसे अपशब्द बोलना मतलब जौनपुर के 18 लाख मतदाताओं को अपशब्द बोलना है। वे पूरे जौनपुर संसदीय क्षेत्र के लाखों लोगों का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। सांसद की अपनी एक गरिमा होती है, एक मर्यादा होती है, जिसका सम्मान हर हाल में किया जाना चाहिए।

    https://www.facebook.com/share/v/1BXeaoa4Mg/

    धनंजय सिंह का यह रुख उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक नए और सकारात्मक युग का संकेत है। यह याद दिलाता है कि अतीत में भी भारतीय राजनीति में मतभेद होने के बावजूद मर्यादाएं कभी नहीं लांघी जाती थीं, ठीक वैसे ही जैसे संसद में अटल बिहारी वाजपेयी और जवाहरलाल नेहरू के बीच तीखी बहसें तो होती थीं, लेकिन एक-दूसरे के प्रति सम्मान कभी कम नहीं होता था। आज की नफरती और व्यक्तिगत आक्षेपों से भरी सियासत के बीच धनंजय सिंह द्वारा बाबू सिंह कुशवाहा के पक्ष में बात रखना जौनपुर की राजनीति को एक नई और परिपक्व दिशा दे गया है।

    बाबू सिंह कुशवाहा का बेदाग और मददगार व्यक्तित्व ही है कि आज भी विभिन्न दलों के कई दिग्गज नेता उनके लगातार संपर्क में रहते हैं। बसपा सरकार के सबसे ताकतवर मंत्री के रूप में भी वो सबके सहयोगी ही रहे। राजनीति में सकारात्मकता की राह में आगे बढ़ने वाले कुछ विरले नेताओं में बाबू सिंह कुशवाहा जी का नाम भी शुमार है। वे शुचिता और आदर्शों की राजनीति के संवाहक हैं। जौनपुर का यह सियासी पारा केवल एक चुनावी हार-जीत की कहानी नहीं है, बल्कि यह इस बात का प्रमाण है कि जनता अब केवल बड़े नामों या पैसों के प्रभाव में नहीं आती, वह सेवा भाव और कर्मठता को पूजती है। पूर्वांचल की माटी से उठी मर्यादा की यह गूंज निश्चित रूप से आगामी मिशन 2027 के लिए उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक नए, सकारात्मक और समावेशी बदलाव की मजबूत बुनियाद तैयार कर रही है, जहां नफरत की सियासत के लिए कोई जगह नहीं बचेगी।

    Shagun

    Keep Reading

    Fraud at Kashi Vishwanath in the name of VIP darshan; police facilitate refund.

    काशी विश्वनाथ में VIP दर्शन के नाम पर ठगी, पुलिस ने दिलाए पैसे वापस

    UP PET 2026: Applications for Group G recruitments begin on August 3.

    यूपी पीईटी 2026: ग्रुप जी भर्तियों के लिए 3 अगस्त से आवेदन शुरू

    Lieutenant General J. Debnath took over command of the AMC Centre and College.

    लेफ्टिनेंट जनरल जे. देबनाथ ने संभाला एएमसी सेंटर एवं कॉलेज का कमान

    The Assembly Speaker stated—only by understanding the rules can you become the voice of the people.

    विधानसभा प्रमुख बोले – नियम जानोगे तभी जनता की आवाज़ बन पाओगे

    Tribute meeting and free dental camp on Dr. Kalam's death anniversary.

    डॉ. कलाम की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा और निःशुल्क डेंटल कैंप

    Physics gold medalist Srishti Kandari ends her life; case registered against husband, mother-in-law, and sister-in-law.

    भौतिक विज्ञान गोल्ड मेडलिस्ट सृष्टि कंडारी ने दी जान, पति-सास-बहन पर केस

    Leave A Reply Cancel Reply

    Advertisment
    Google AD
    We Are Here –
    • Facebook
    • Twitter
    • YouTube
    • LinkedIn

    EMAIL SUBSCRIPTIONS

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    About



    ShagunNewsIndia.com is your all in one News website offering the latest happenings in UP.

    Editors: Upendra Rai & Neetu Singh

    Contact us: editshagun@gmail.com

    Facebook X (Twitter) LinkedIn WhatsApp
    Popular Posts
    Fraud at Kashi Vishwanath in the name of VIP darshan; police facilitate refund.

    काशी विश्वनाथ में VIP दर्शन के नाम पर ठगी, पुलिस ने दिलाए पैसे वापस

    August 3, 2026

    दोस्त : इस ज़माने में दोस्ती ले – दे के बची है थोड़ी-बहुत

    August 2, 2026
    UP PET 2026: Applications for Group G recruitments begin on August 3.

    यूपी पीईटी 2026: ग्रुप जी भर्तियों के लिए 3 अगस्त से आवेदन शुरू

    August 2, 2026
    India's Golden Burst at the Commonwealth Games: Boxing Makes History, Neeraj Shines Again

    कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत का स्वर्णिम धमाका: मुक्केबाजी ने रचा इतिहास, नीरज ने फिर कमाल दिखाया

    August 2, 2026
    Lieutenant General J. Debnath took over command of the AMC Centre and College.

    लेफ्टिनेंट जनरल जे. देबनाथ ने संभाला एएमसी सेंटर एवं कॉलेज का कमान

    August 2, 2026

    Subscribe Newsletter

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    Privacy Policy | About Us | Contact Us | Terms & Conditions | Disclaimer

    © 2026 ShagunNewsIndia.com | Designed & Developed by Krishna Maurya

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Newsletter
    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading