मुंबई: वित्तीय क्षेत्र में दो बड़ी खबरें आई हैं। यूनियन बैंक ऑफ इंडिया ने वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में दमदार प्रदर्शन करते हुए ₹5,332 करोड़ का शुद्ध लाभ दर्ज किया, वहीं प्रिसीजन इंजीनियरिंग कंपनी इंडो MIM अपना ₹3,812 करोड़ का आईपीओ 23 जुलाई से खोल रही है। दोनों खबरें निवेशकों के लिए मजबूत वित्तीय स्वास्थ्य और नए अवसरों का संकेत दे रही हैं।
यूनियन बैंक की मजबूत वित्तीय यात्रा
यूनियन बैंक के निदेशक मंडल ने 30 जून 2026 को समाप्त तिमाही के नतीजे मंजूर किए। बैंक ने ₹27,203 करोड़ की ब्याज आय हासिल की। कुल कारोबार सालाना आधार पर 7.46% बढ़कर ₹23,79,697 करोड़ पहुंच गया।
अग्रिमों और जमा में वृद्धि:
- सकल अग्रिम 12.50% बढ़े, जबकि कुल जमाराशि 3.50% की वृद्धि के साथ ₹12,83,366 करोड़ हो गई।
- RAM सेक्टर का जोर: रिटेल, कृषि और एमएसएमई में अग्रिम 11.56% बढ़े। रिटेल अग्रिम 12.06% और एमएसएमई 16.49%
- ऊपर। घरेलू अग्रिमों में RAM पोर्टफोलियो की हिस्सेदारी 57.31% रही।
- परिसंपत्ति गुणवत्ता में सुधार: सकल एनपीए घटकर 2.65% और निवल एनपीए 0.47% पर आ गया।
- मजबूत पूंजी स्थिति: CRAR 18.46% और CET-1 16.38% रहा। ROA 1.36% तथा ROE 17.23% दर्ज किया गया।
बैंक की ये तिमाही परिणाम मजबूत वित्तीय स्थिति, बेहतर एसेट क्वालिटी और संतुलित वृद्धि को दर्शाते हैं।
इंडो MIM का ₹3,812 करोड़ का मेगा IPO
दुनिया की सबसे बड़ी मेटल इंजेक्शन मोल्डिंग (MIM) टेक्नोलॉजी वाली कंपनी इंडो MIM लिमिटेड 23 जुलाई से 27 जुलाई 2026 तक अपना आईपीओ खोलेगी। प्राइस बैंड ₹461 से ₹485 प्रति शेयर तय किया गया है, जिस पर कंपनी का वैल्यूएशन करीब ₹24,000 करोड़ पहुंच जाएगा।
IPO में ₹500 करोड़ का फ्रेश इश्यू और 6.82 करोड़ शेयरों की ऑफर फॉर सेल शामिल है। फ्रेश इश्यू से मिले पैसे का बड़ा हिस्सा (₹400 करोड़) कर्ज चुकाने में इस्तेमाल होगा।
1996 में स्थापित बेंगलुरु की यह कंपनी भारत, अमेरिका, ब्रिटेन और मेक्सिको में 15 प्लांट्स संचालित करती है। वित्त वर्ष 2026 में इसका परिचालन राजस्व ₹4,193 करोड़ और शुद्ध लाभ ₹533 करोड़ रहा। कंपनी ऑटोमोबाइल, रक्षा, मेडिकल, एयरोस्पेस और उपभोक्ता क्षेत्रों के लिए 9,000 से ज्यादा प्रिसीजन कंपोनेंट्स बनाती है। शेयर BSE और NSE पर लिस्ट होंगे।
यूनियन बैंक का मजबूत प्रदर्शन भारतीय बैंकिंग सेक्टर की मजबूती दिखाता है, जबकि इंडो MIM का आईपीओ मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपोर्ट सेक्टर में निवेशकों का ध्यान खींच रहा है। दोनों घटनाएं आर्थिक मोर्चे पर सकारात्मक माहौल बना रही हैं।







