तकनीक का उपयोग कर हम कार्यों को बेहतर और प्रभावी ढंग से सम्पन्न कर सकते हैं: मुख्यमंत्री
लखनऊ, 22 फरवरी, 2019: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्व विभाग आमजन से जुड़ा सबसे महत्वपूर्ण विभाग है। राजस्व निरीक्षक और लेखपाल इस विभाग की बैकबोन हैं। प्रदेश सरकार इन्हें आज तकनीकी सुविधा से लैस कर रही है।
मुख्यमंत्री आज यहां लोक भवन में राजस्व निरीक्षकों और लेखपालों को स्मार्ट फोन वितरण के शुभारम्भ कार्यक्रम में अपने विचार व्यक्त कर रहे थे। उन्होंने कहा कि स्मार्ट फोन की सुविधा न केवल लेखपालों और राजस्व निरीक्षकों को स्मार्ट बनाएगी, बल्कि इससे आमजन को सुविधा का नया माहौल भी प्राप्त होगा। स्मार्ट फोन का वितरण ही नहीं, बल्कि इसका प्रशिक्षण भी आवश्यक है। इससे लेखपालों और राजस्व निरीक्षकों को कार्य करने में और आसानी होगी। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विभाग को समय के अनुरूप स्वयं को तैयार करना पड़ेगा। जो भी विभाग बदली हुई परिस्थितियों के अनुरूप अपने आप को तैयार नहीं कर पाएगा, उसके सामने अस्तित्व का संकट खड़ा हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि तकनीक का उपयोग कर हम कार्यों को बेहतर और प्रभावी ढंग से सम्पन्न कर सकते हैं। क्राॅप कटिंग से जुड़े प्रकरणों को समयबद्ध ढंग से करने में स्मार्ट फोन से मदद मिलेगी।
बता दें कि प्रदेश में कार्यरत 3578 राजस्व निरीक्षकों एवं 24,916 लेखपालों को स्मार्ट फोन दिया जाना है, जिसका शुभारम्भ आज जनपद लखनऊ के 227 में से 185, जनपद रायबरेली की तहसील महराजगंज के 66, जनपद उन्नाव की तहसील पुरवा के 57, जनपद हरदोई की तहसील बिलग्राम के 75, जनपद सीतापुर की तहसील महमूदाबाद के 75 व जनपद लखीमपुर खीरी की तहसील मितौली के 50 लेखपालों सहित प्रत्येक जनपद से एक-एक राजस्व निरीक्षक को आज स्मार्ट फोन दिए जाने से किया गया है।
इस स्मार्ट फोन में एमडीएम (मोबाइल डिवाइस मैनेजमेण्ट) एवं भारत सरकार द्वारा बनाए गए एग्री एप की सुविधा उपलब्ध होगी। इस स्मार्ट फोन के माध्यम से फसल कटाई प्रयोगों से सम्बन्धित सूचनाओं को जिस खेत में यह प्रयोग सम्पादित कराए जा रहे हैं, वहीं से भारत सरकार द्वारा बनाए गए एग्री एप पर अपलोड किया जा सकेगा। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अन्तर्गत स्मार्ट फोन क्रय पर आने वाला व्यय केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा 50-50 शेयर के रूप में वहन किया जाएगा।
एमडीएम (मोबाइल डिवाइस मैनेजमेण्ट) के द्वारा राजस्व विभाग द्वारा अन्य कार्यक्रमों हेतु विकसित किए जा रहे नये एप्लीकेशनों, उदाहरणार्थ-राजस्व विभाग में मिलान खसरा, खतौनी, पड़ताल आदि से सम्बन्धित एप को भी इन स्मार्ट फोनों पर पुश-मेल द्वारा इंस्टाॅल किया जा सकेगा।







