वाशिंगटन/ नई दिल्ली : सोशल मीडिया पर इन घंटों में एक बड़ा दावा वायरल हो रहा है। कहा जा रहा है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को पद से हटाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। अमेरिकी संसद (कांग्रेस) में अविश्वास प्रस्ताव लाकर उन्हें राष्ट्रपति पद से हटाने की तैयारी चल रही है।
ट्रंप 3 दिन की छुट्टी पर गए
इस बीच खबर है कि राष्ट्रपति ट्रंप अचानक 3 दिन की छुट्टी पर चले गए हैं। कई लोग इसे विवाद से बचने की रणनीति बता रहे हैं।
ईरान हमले पर भारी गुस्सा
अमेरिका के कई सांसद ट्रंप के हाल के ईरान पर हमले को लेकर बेहद नाराज हैं। उनकी अमर्यादित भाषा और बयानों से भी लोग काफी आहत बताए जा रहे हैं। कुछ का कहना है कि ट्रंप से न सिर्फ अमेरिका बल्कि पूरी दुनिया को खतरा है और उनकी मानसिक स्थिति भी ठीक नहीं है।

डेमोक्रेट सांसदों का रुख
कई डेमोक्रेट सांसद इस कदम के पक्ष में हैं। उन्होंने प्रस्ताव पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
बता दें कि अमेरिका में राष्ट्रपति को हटाने का संवैधानिक तरीका impeachment (महाभियोग) ही है—अविश्वास प्रस्ताव (no-confidence motion) संसदीय प्रणाली में होता है, न कि अमेरिकी राष्ट्रपति प्रणाली में। अभी तक मुख्यधारा के मीडिया में इस “ब्रेकिंग” क्लेम की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। ईरान हमले को लेकर पहले भी impeachment की मांग उठ चुकी है, लेकिन कोई तत्काल हटाने की प्रक्रिया शुरू नहीं हुई दिख रही।
बता दें कि उधर अमेरिका /इज़्राइल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध और विवादास्पद नीतियों ने इज़राइल व अमेरिका दोनों में राजनीतिक समीकरण उलट दिए हैं। जहां तेल अवीव के नागरिक अब अपने ही सरकार से सत्ता परिवर्तन की मांग कर रहे हैं, वहीं पूरे अमेरिका में ट्रंप की नीतियों के खिलाफ सड़कें गुलजार हैं।
तेल अवीव: “हम सत्ता परिवर्तन चाहते हैं”
The War Has Shifted the Equations! Calls for a Change of Power in Israel; Historic Public Outrage Against Trump in the US
युद्ध ने बदले समीकरण! इज़राइल में सत्ता परिवर्तन की मांग, अमेरिका में ट्रंप के खिलाफ ऐतिहासिक जन-आक्रोश
इज़राइल की आर्थिक राजधानी तेल अवीव में नागरिकों ने खुलकर कहा – “हम सत्ता परिवर्तन चाहते हैं”।
कितनी विडंबना है! जो लोग कल तक ईरान में रिजीम चेंज की बात करते थे, आज वे खुद इज़राइल में सरकार बदलने की मांग कर रहे हैं। युद्ध की थकान और लगातार तनाव ने आम इजरायलियों का धैर्य तोड़ दिया है।
अमेरिका: ट्रंप के खिलाफ 50 राज्यों में 3,200+ प्रदर्शन
दूसरी ओर पूरे अमेरिका में राष्ट्रपति ट्रंप की नीतियों के खिलाफ अभूतपूर्व विरोध प्रदर्शन जारी हैं। सभी 50 राज्यों में 3,200 से ज्यादा प्रदर्शन कार्यक्रम आयोजित हो चुके हैं।
अमेरिकी जनता का स्पष्ट संदेश है – “ट्रंप ने अमेरिका को फंसा दिया है”।
आइए जानते हैं क्या हैं महाभियोग की प्रक्रिया :
अमेरिका में राष्ट्रपति या अन्य बड़े अधिकारियों को पद से हटाने की प्रक्रिया को महाभियोग कहते हैं। यह भारत जैसा अविश्वास प्रस्ताव नहीं है।
महाभियोग के 4 मुख्य चरण:
- हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में शुरूआत
निचला सदन (हाउस) जांच करता है और आरोप तैयार करता है। - हाउस में पास होना
साधारण बहुमत (51%) से महाभियोग पास हो जाता है।
यह सिर्फ आरोप लगाना है, हटाना नहीं। - सीनेट में ट्रायल
ऊपरी सदन (सीनेट) में मुकदमा चलता है।
गवाह बुलाए जाते हैं और बहस होती है। - दोषसिद्धि और हटाना
दोषी ठहराने के लिए दो-तिहाई बहुमत (67%) चाहिए।
केवल तभी राष्ट्रपति पद से हटता है।
महत्वपूर्ण बातें:
हाउस में महाभियोग लगना आसान है, लेकिन सीनेट में हटाना बहुत मुश्किल।
अब तक तीन राष्ट्रपतियों पर महाभियोग लगा, लेकिन कोई भी पद से नहीं हटा।
आधार: देशद्रोह, रिश्वत या गंभीर अपराध।
संक्षेप में कहे तो :
हाउस आरोप लगाता है → सीनेट फैसला करती है।
दोनों में मजबूत समर्थन जरूरी, इसलिए सफल होना बहुत rare है।







